धीरे धीरे उतर क्षितिज से -महादेवी वर्मा - सप्रसंग व्याख्या ( Hindi class 9- Summary and short question's answer )
धीरे धीरे उतर क्षितिज से -महादेवी वर्मा सप्रसंग व्याख्या ( Hindi class 9- Summary and short question's answer ) धीरे धीरे उतर क्षितिज से आ वसन्त-रजनी! तारकमय नव वेणीबन्धन शीश-फूल कर शशि का नूतन, रश्मि-वलय सित घन-अवगुण्ठन, मुक्ताहल अभिराम बिछा दे चितवन से अपनी! पुलकती आ वसन्त-रजनी!